“Don’t wake up a sleeping Lion”

History: 1969-70 में बैरी रिचर्ड्स, ग्रैम पॉलक, माइक प्रॉक्टर, एडी बार्लो जैसे स्टार्स से सुसज्जित अली बाकर की कप्तानी वाली दक्षिण अफ्रीका ने बिल लॉरी की ऑस्ट्रेलिया को 4-0 से वाइटवॉश किया था। इसके बाद लगभग अगले 5 दशक (2 दशक के प्रतिबंध को गिनते हुए) तक दक्षिण अफ्रीका कभी भी अपनी जमीन पर ऑस्ट्रेलिया को टेस्ट सीरीज में पराजित नहीं कर सकी थी, ऑस्ट्रेलिया में जाकर उन्होंने ऑस्ट्रेलिया को क़ई बार टेस्ट सीरीज हराई पर ऑस्ट्रेलिया के विरुद्ध होम टेस्ट सीरीज जीतना एक स्वप्न ही रहा था।

वर्ष 2018 में 4 टेस्ट की सीरीज के लिए जब स्टीव स्मिथ की ऑस्ट्रेलियाई टीम दक्षिण अफ्रीका में उतरी तब भी उनके पास एक शक्तिशाली टीम थी जो दक्षिण अफ्रीका में अपना रिकॉर्ड कायम रखने में पूर्णतया सक्षम थी।

ऑस्ट्रेलिया ने Kingsmead (Durban) में पहले टेस्ट में दक्षिण अफ्रीका को 118 रन से पराजित करके सीरीज में मजबूत शुरुआत की। 417 रनों के लक्ष्य का पीछा करते हुए एडेन मार्क्रम की 143 रनों की शानदार पारी के बाद भी ऑस्ट्रेलिया ने यह टेस्ट 118 रनों से जीत लिया। मिचेल स्टार्क ने मैच में 9 विकेट लिए और मैन ऑफ द मैच रहे।

इस मैच में कुछ और घटनाएँ भी हुईं। ऑस्ट्रेलियाई उपकप्तान डेविड वॉर्नर मैच के चौथे दिन एडेन मार्क्रम को लगातार कुछ न कुछ कहते दिखे। वॉर्नर चौथे दिन के चायकाल के दौरान पवेलियन की सीढ़ियों पर क्विंटन डी कॉक से भी झगड़ते नज़र आए। जब AB डिविलियर्स 0 पर रन आउट हुए तब भी विकेट सेलिब्रेट करने के दौरान वॉर्नर लगातार मार्क्रम को स्लेज करते रहे। (ऑस्ट्रेलियाई कप्तान स्मिथ और कोच डैरेन लीमन दोनों ने वॉर्नर का पूरी तरह बचाव किया।) AB जब डाइव लगाकर नीचे पड़े हुए थे तब नेथन लायन ने उन्हें रन आउट करने के बाद गेंद उनके ऊपर ड्रॉप कर दी थी।

मैच रेफरी जेफ क्रो ने नेथन लायन पर जुर्माना भी लगाया। ऑस्ट्रेलियन टीम को जो क्षति पहुँचनी थी वो पहुँच चुकी थी, 5 मार्च 2018 को यह मैच समाप्त हुआ और उसी दिन AB डिविलियर्स का ट्वीट आया “This series will be one to remember”. ऑस्ट्रेलियाई टीम की हरकतों ने एक “Sleeping Lion” को जगा दिया था।

ऑस्ट्रेलियाई टीम को अनुमान नहीं रहा होगा कि अब इस सीरीज में उनके साथ क्या होने वाला है।

2nd Test: St. George’s Park, Port Elizabeth: जब AB बल्लेबाजी करने आए तो ऑस्ट्रेलिया के 243 रनों के जवाब में दक्षिण अफ्रीका का स्कोर 155 पर 3 था, जो तुरन्त 155 पर 4 हो गया और थोड़ी देर बाद 183 पर 6.

मिचेल स्टार्क को लगातार दो चौके लगाकर AB ने अपने पचास रन पूरे किए। क्विंटन के आउट होने के बाद स्कोर था 227 पर 7, अब दक्षिण अफ्रीका की टेल शुरु हो चुकी थी और अभी भी ऑस्ट्रेलिया के पास 16 रन की लीड थी। दक्षिण अफ्रीका को चौथी पारी खेलनी थी इसलिए मैच में बने रहने के लिए अच्छी लीड आवश्यक थी। अच्छी लीड दिलाने का सारा दायित्व अब अपनी अंतिम सीरीज खेल रहे AB डिविलियर्स के कंधों पर था। (इस समय सिर्फ AB को पता रहा होगा कि यह उनकी अंतिम सीरीज है)

89वें ओवर में AB ने पैट कमिन्स को दो चौके लगाए। अगले ओवर में स्टीव स्मिथ ने नई गेंद ले ली पर चौके आते ही रहे। दूसरे दिन की शाम दक्षिण अफ्रीका का स्कोर था 263/7, AB 74 (81). तीसरे दिन वर्नन फिलैंडर और AB के बीच 8वें विकेट के लिए 84 रनों की साझेदारी हुई। फिलैंडर ने 36 रन बनाए थे।

पैट कमिन्स की शॉर्ट गेंद को स्लिप के ऊपर से उठाकर AB ने मात्र 117 गेंदों में करियर का 22वाँ टेस्ट शतक पूरा किया। यह 13 टेस्ट मैचों में और जनवरी 2015 के बाद उनका पहला टेस्ट शतक था।

कमिन्स के अगले ओवर में AB ने इस मैच का संभवतः सर्वश्रेष्ठ स्ट्रोक खेला। यह थोड़ी शॉर्ट गेंद थी, AB क्रीज में और अंदर गए, ऑफ स्टम्प की लाइन के थोड़ा बाहर, शरीर का भार पिछले पैर पर और पुल शॉट “In front of square” डीप मिडविकेट बाउंड्री के ऊपर से 6 रन। Arrogant Shot, मानो गेंदबाज को अपमानित कर रहे हों।

दक्षिण अफ्रीका की पारी 382 पर समाप्त हुई, सीरीज पलट देने वाली पारी खेलकर AB 126 पर नॉट आउट लौटे और इसी के साथ तीसरे दिन लंच की घोषणा भी हो गई। यह टेस्ट क्रिकेट का शानदार सत्र था और 139 रन की बढ़त लेने के बाद अब दक्षिण अफ्रीका के पास सीरीज बराबर करने का एक सुनहरा अवसर था।

दूसरी पारी में भी ऑस्ट्रेलियाई बल्लेबाजों के पास कागिसो रबाडा का कोई जवाब नहीं था। पहली पारी में 5 विकेट लेने वाले दक्षिण अफ्रीका के इस “Wrecker In Chief” ने दूसरी पारी में 54 रन देकर 6 विकेट लिए। ऑस्ट्रेलिया के 239 पर ऑल आउट होने के बाद दक्षिण अफ्रीका को 101 रनों का लक्ष्य मिला जो मात्र 4 विकेट खोकर प्राप्त कर लिया गया। 32 पर 2 विकेट गिरने के बाद AB द्वारा 26 गेंदों में बनाए गए 28 रनों ने यह सुनिश्चित किया कि इस मैच में ऑस्ट्रेलियाई टीम किसी प्रकार का Comeback नहीं कर रही। (4 वर्ष पूर्व 2014 में भी इसी मैदान पर AB और जेपी डुमिनी के शतकों ने 0-1 से पीछे चल रही दक्षिण अफ्रीका को सीरीज में वापसी कराई थी पर ऑस्ट्रेलिया ने अंतिम टेस्ट जीतकर सीरीज 2-1 से जीत ली थी।)

AB डिविलियर्स ने अपने ट्वीट में जो कहा था वो सीरीज का अंत होते होते 100% प्रतिशत सत्य सिद्ध हो चुका था। AB ने पोर्ट एलिज़ाबेथ में दक्षिण अफ्रीका को सीरीज में मानसिक बढ़त दिला दी थी। केपटाउन में हुए अगले टेस्ट में सैंडपेपर वाली घटना हुई। ऑस्ट्रेलियाई टीम अब मान चुकी थी बिना बेईमानी के वे इस दक्षिण अफ्रीकी टीम को नहीं हरा सकते। केपटाउन टेस्ट दक्षिण अफ्रीका ने 322 रनों और बुलरिंग (जोहानेसबर्ग) में अंतिम टेस्ट 492 रनों से जीता।

AB डिविलियर्स 427 रन बनाकर इस सीरीज में सर्वाधिक रन बनानेवालों में दूसरे नम्बर (एडेन मार्क्रम के बाद) पर रहे।

T20 और एकदिवसीय क्रिकेट में AB डिविलियर्स के Heroics की चर्चा सदैव होती है पर AB एक महान टेस्ट बल्लेबाज भी रहे, उन्होंने 114 टेस्ट मैचों में 50.66 की औसत से 8765 रन बनाए और उनके बल्ले से क़ई अविस्मरणीय टेस्ट पारियाँ आई हैं। चाहे वो 2008 में पर्थ टेस्ट में 414 रनों के लक्ष्य का पीछे करते हुए मैच विनिंग शतक हो या 4 साल बाद पर्थ में ही 169 हो, एडिलेड में 220 गेंदों में खेली गई 33 रन की मैच बचाउ पारी हो या 2008 में हेडिंग्ली में 174 रन हों।

AB डिविलियर्स को जन्मदिन की शुभकामनाएँ।

(चित्र- Getty Images)

Leave a comment

Design a site like this with WordPress.com
Get started